अमेरिका में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन की सख्त इमिग्रेशन नीतियों के खिलाफ विरोध तेज हो गया है। शुक्रवार को प्रदर्शनकारियों ने देशभर में राष्ट्रव्यापी हड़ताल का आह्वान किया है। आयोजकों ने लोगों से “नो वर्क, नो स्कूल, नो शॉपिंग” का संदेश देते हुए आम जनजीवन ठप करने की अपील की है। मिनेसोटा से शुरू हुआ यह आंदोलन अब अमेरिका के 46 राज्यों तक फैल चुका है।
दर्जनों संघीय अभियोजनकों ने दिया इस्तीफा
इसी बीच, मिनियापोलिस में प्रदर्शनों की आक्रामक कवरेज से नाराज फेडरल एजेंटों ने वरिष्ठ पत्रकार डान लेमोन को संघीय कानून उल्लंघन के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। लेमोन उस समय लॉस एंजिलिस में ग्रैमी अवॉर्ड्स कार्यक्रम की कवरेज के लिए गए हुए थे।
वहीं, आंदोलन के दौरान सात जनवरी को फेडरल एजेंट की गोली से मारी गई रीनी गुड के पति की जांच के निर्देशों के विरोध में मिनेसोटा स्थित अमेरिकी अटार्नी कार्यालय के दर्जनों संघीय अभियोजनकों ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।
एफबीआई ने संभाली गोलीकांड की जांच
रायटर के अनुसार, बॉर्डर पैट्रोल अधिकारियों की गोली का शिकार हुए एलेक्स प्रेट्टी के मामले की जांच अब एफबीआई ने अपने हाथ में ले ली है। होमलैंड सिक्योरिटी सेक्रेटरी क्रिस्टी नोएम ने एक इंटरव्यू में इसकी पुष्टि की। बताया गया कि प्रेट्टी इमिग्रेशन प्रवर्तन अभियान का वीडियो अपने मोबाइल फोन से रिकॉर्ड कर रहे थे, तभी उन्हें कई गोलियां मारी गईं।
46 राज्यों में 250 जगहों पर प्रदर्शन
प्रदर्शन आयोजकों ने अपनी वेबसाइट ‘नेशनलशटडाउन डॉट ओआरजी’ पर जानकारी दी है कि आंदोलन के तहत 46 राज्यों और न्यूयॉर्क, लॉस एंजिलिस, शिकागो व वाशिंगटन जैसे बड़े शहरों में करीब 250 स्थानों पर विरोध प्रदर्शन किए जाएंगे। इस आंदोलन को स्कूली छात्रों का भी जबरदस्त समर्थन मिल रहा है। कई अमेरिकी राज्यों में सैकड़ों पब्लिक स्कूलों को बंद कर दिया गया है।
पत्रकार की गिरफ्तारी से भड़का गुस्सा
एएनआई के मुताबिक, पत्रकार डान लेमोन की गिरफ्तारी के बाद उनके इंस्टाग्राम अकाउंट पर इस कार्रवाई के खिलाफ भारी समर्थन देखने को मिल रहा है। एक पोस्ट में कहा गया है कि फर्स्ट अमेंडमेंट के तहत पत्रकारों को संविधान से सुरक्षा प्राप्त है, लेकिन मिनियापोलिस में हुई हत्या के लिए जिम्मेदार फेडरल एजेंटों के खिलाफ जांच करने के बजाय ट्रंप का जस्टिस डिपार्टमेंट गलत दिशा में अपनी ऊर्जा और समय खर्च कर रहा है। पोस्ट में लेमोन के संवैधानिक अधिकारों के हनन का आरोप लगाया गया है।
चर्च प्रदर्शन की कवरेज के दौरान हुई गिरफ्तारी
सीएनएन के मुताबिक, डान लेमोन को मिनेसोटा के सेंट पॉल में एक चर्च पर हुए विरोध प्रदर्शन की कवरेज के दौरान गिरफ्तार किया गया। रिपोर्ट के अनुसार, 18 जनवरी को जब इमिग्रेशन विरोधी प्रदर्शनकारियों ने सिटीज चर्च पर हमला किया था, उस समय लेमोन भी मौके पर मौजूद थे। उन्हें जल्द ही फेडरल कोर्ट में पेश किए जाने की उम्मीद है। बताया गया है कि लेमोन पिछले 30 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं।