नई दिल्ली/लखनऊ:
अगर आपके पास भी व्हाट्सएप (WhatsApp) पर कोई ऐसा मैसेज आया है जिसमें कहा गया है कि सरकार अब आपकी कॉल रिकॉर्ड कर रही है और नए नियम लागू हो गए हैं, तो ठहरिए! घबराने की बिल्कुल जरूरत नहीं है। सोशल मीडिया पर फैल रही इस खबर ने लोगों की नींद उड़ा रखी है, लेकिन हकीकत कुछ और ही है। चलिए आपको बताते हैं इस वायरल दावे का पूरा सच और साथ ही यूपी की राजनीति में हो रही उस बड़ी हलचल के बारे में, जिसने 2027 के चुनावों की आहट अभी से दे दी है।
WhatsApp कॉल रिकॉर्डिंग: क्या है माजरा?
इन दिनों एक मैसेज तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि भारत सरकार ने नए संचार नियम लागू कर दिए हैं। इसके तहत आपकी Whatsapp कॉल रिकॉर्ड की जाएगी और सरकार आपकी निजी बातों पर नजर रखेगी। इस मैसेज को पढ़कर लोग डरे हुए हैं कि क्या उनकी प्राइवेसी खत्म हो गई है?
PIB ने कहा- यह पूरी तरह झूठ है!
सरकार की फैक्ट चेक एजेंसी PIB Fact Check ने इस मामले में दूध का दूध और पानी का पानी कर दिया है। पीआईबी ने साफ शब्दों में कहा है कि यह मैसेज पूरी तरह से फर्जी (Fake) है।
सरकार ने ऐसा कोई नया नियम लागू नहीं किया है।
Whatsapp की ‘एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन’ (End-to-End Encryption) पॉलिसी के चलते आपकी कॉल और चैट पूरी तरह सुरक्षित हैं।
न तो सरकार और न ही कोई तीसरा व्यक्ति आपकी बातें सुन सकता है।
सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे ऐसी अफवाहों पर ध्यान न दें और बिना पुष्टि किए ऐसे मैसेज फॉरवर्ड करके डर का माहौल न बनाएं।
उधर यूपी में कांग्रेस ने कसी कमर: 'मिशन 2027' का आगाज
जहाँ एक तरफ डिजिटल दुनिया में अफवाहों का बाजार गर्म है, वहीं दूसरी तरफ उत्तर प्रदेश की जमीनी राजनीति में सियासी पारा चढ़ने लगा है। 2027 के विधानसभा चुनाव अभी दूर हैं, लेकिन कांग्रेस ने अभी से अपनी तैयारी शुरू कर दी है।
शुक्रवार को लखनऊ में कांग्रेस की Political Affairs Committee की एक जोरदार बैठक हुई। प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में हुई इस बैठक में प्रदेश प्रभारी अविनाश पांडेय और प्रदेश अध्यक्ष अजय राय समेत कई दिग्गज नेता शामिल हुए। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण के साथ शुरू हुई इस बैठक में ‘मिशन 2026’ और 2027 की जीत का रोडमैप तैयार किया गया।
मनरेगा और SIR पर सरकार से दो-दो हाथ करने की तैयारी
बैठक में कांग्रेस ने योगी सरकार को घेरने के लिए पांच बड़े संकल्प लिए। प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने साफ कर दिया कि कांग्रेस अब चुप नहीं बैठेगी।
मनरेगा की लड़ाई: अजय राय ने कहा कि मनरेगा मजदूरों को उनका पैसा समय पर नहीं मिल रहा है। इसके लिए कांग्रेस 100 दिनों का विशेष अभियान चलाएगी और सड़क से लेकर पंचायत तक संघर्ष करेगी।
SIR (वोटर लिस्ट रिविजन) पर सवाल: उन्होंने कहा कि बीएलओ (BLO) पर काम का इतना दबाव डाला गया कि कई दुखद घटनाएं हुईं। कांग्रेस ने मांग की है कि इसके लिए चुनाव आयोग और सरकार अपनी जिम्मेदारी तय करें।
रमाबाई मैदान में दिखेगी ताकत
कांग्रेस ने तय किया है कि वह अपने 140 साल के इतिहास को जन-जन तक पहुंचाएगी। संगठन को मजबूत करने के लिए जल्द ही लखनऊ के रमाबाई अंबेडकर मैदान में एक विशाल महारैली का आयोजन किया जाएगा। इस रैली के जरिए कांग्रेस अपनी ताकत दिखाएगी और कार्यकर्ताओं में जोश भरेगी।
कुल मिलाकर, एक तरफ पीआईबी ने आपकी प्राइवेसी की चिंता दूर कर दी है, तो दूसरी तरफ कांग्रेस ने यूपी के सियासी मैदान में ताल ठोक दी है। आने वाले दिन राजनीति और सोशल मीडिया, दोनों के लिहाज से काफी दिलचस्प होने वाले हैं।